डब्रूगढ़ : पशुप्रेमी विनीत बगड़िया आत्महत्या मामले के मुख्य आरोपी संजय शर्मा ने आज सोमवार को डिब्रूगढ़ जिला न्यायालय के मुख्य जिला न्यायाधीश के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया, जिसके बाद मुख्य जिला न्यायाधीश ने संजय शर्मा को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। दूसरी तरफ इस मामले का चौथा आरोपी एजाज खान अभी भी फरार है। विनीत आत्महत्या घटना के कई सप्ताह बीत जाने के बाद भी पुलिस एजाज खान को गिरफ्तार करने में नाकाम रही है। मालूम हो कि गत सात जुलाई को डिब्रूगढ़ के पशुप्रेमी युवक विनीत बगड़िया की आत्महत्या की घटना ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया। कुछ बाहुबलियों  की ओर से प्रताड़ित युवक विनीत ने बार-बार पुलिस को शिकायत करता रहा,लेकिन पुलिस ने ना विनीत की शिकायत दर्ज की और न उसकी फरियाद सुनी। वहीं बाहुबलियों की प्रताड़ना से प्रताड़ित इस होनहार युवक ने मौत को गले लगा लिया,जिससे पुलिस की सुस्ती और लापरवाही बरतने का मामला उजागर हुआ। वहीं विनीत की आत्महत्या से आक्रोशित डिब्रूगढ़वासी पुलिस के खिलाफ  सड़क पर उतर गए और विनीत को आत्महत्या करने पर मजबूर करने वालों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने की मांग करने लगे। लोगों के निरंतर चल रहे प्रतिवाद को देखते हुए पुलिस ने अपनी छवि को बचाने के लिए तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी बैदुल्लाह खान व निशांत शर्मा को पकड़कर अपनी पीठ थपथपाने का प्रयास किया,लेकिन अन्य दो आरोपी संजय शर्मा व एजाज खान को पुलिस गिरफ्तार करने में नाकामयाब रही, जबकि विनीत बगड़िया आत्महत्या मामले को तूल पकड़ता देख राज्य के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्वशर्मा ने मृतक विनीत के घर पहुंचे और शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करने के साथ ही दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने का भरोसा दिलाया। साथ ही मुख्यमंत्री ने पुलिस और प्रशासन के इस गैर जिम्मेदाराना रवैए के लिए विनीत के परिजनों से माफी भी मांगी,वहीं इसके लिए मुख्यमंत्री ने डिब्रूगढ़ के जिला उपायुक्त और जिला पुलिस अधीक्षक को जमकर लताड़ लगाई थी। मामले की जांच प्रक्रिया की देखरेख के लिए असम पुलिस के विशेष पुलिस निदेशक (स्पेशल डीजीपी) ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह (कानून और व्यवस्था) डिब्रूगढ़ पहुंचे और विनीत के घर पहुंचे और उसके परिजनों से मुलाकात की। दूसरी ओर पुलिस से हुई लापरवाही के लिए क्षमा याचना भी की थी। वहीं अधिकारी सिंह ने पुलिस को इस मामले के संदर्भ मजबूत चार्जशीट बनाकर जल्द से जल्द कोर्ट में दाखिल करने का निर्देश दिया, जिससे दोषियों को जल्द ही उचित सजा मिले और मृतक विनीत को न्याय मिल सके। इसके बावजूद भी अभी तक विनीत को आत्महत्या के लिए उकसाने वाले अन्य दो आरोपी पकड़ में नहीं आए हैं। गौरतलब हो कि डिब्रूगढ़ के थाना प्रभारी बुलाराम तेरांग का दंडयोग्य स्थानांतरण किया गया, जबकि विभिन्न संगठनों ने इस मामले में पुलिस अधीक्षक पर भी मामले की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कार्य कार्रवाई की मांग की थी।