गुवाहाटी : तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह के चोटिल होने के कारण भारतीय टीम का संतुलन गड़बड़ा गया है, लेकिन इसके बावजूद वह दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ रविवार को यहां होने वाले दूसरे टी-20 अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट मैच में अपना विजय अभियान जारी रखकर शृंखला में अजेय बढ़त हासिल करने की कोशिश करेगी। बुमराह की ऑस्ट्रेलिया में होने वाले टी-20 विश्वकप में भूमिका अहम होती, लेकिन इस तेज गेंदबाज का पीठ की परेशानी के कारण अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की इस प्रतियोगिता में खेलना संदिग्ध है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ शृंखला का आयोजन विश्वकप से पहले टीम की तैयारियों को मूर्तरूप देने के लिए किया गया  था, लेकिन बुमराह की अनुपस्थिति ने मुख्य कोच राहुल द्रविड़ और कप्तान रोहित शर्मा के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मोहम्मद सिराज और उमेश यादव को टीम में शामिल किया गया है, लेकिन अभी यह दोनों विश्व कप की टीम में नहीं हैं। सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या टीम प्रबंधन को बुमराह की जगह लिए गए गेंदबाज को आजमाने का पर्याप्त मौका मिलेगा। विश्वकप के लिए स्टैंडबाई में शामिल अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी कोविड-19 से उबर रहे हैं और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ शृंखला के लिए टीम में शामिल नहीं हैं। उन्हें ऑस्ट्रेलिया जाने वाली टीम में शामिल किया जा सकता है क्योंकि उन्हें वहां की परिस्थितियों में खेलने का अनुभव है। यदि ऐसा होता है तो उन्हें 16 अक्तूबर से शुरू होने वाले विश्व कप से पहले मैच अभ्यास का पर्याप्त मौका नहीं मिलेगा। दक्षिण अफ्रीकी शृंखला के लिए भारत के पास दीपक चाहर हैं जो विश्व कप के लिए स्टैंडबाई हैं। तिरुअनंतपुरम में पहले मैच में चाहर और बाएं हाथ के युवा तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने शानदार गेंदबाजी करके दक्षिण अफ्रीका का शीर्ष क्रम झकझोर दिया था जिससे भारत ने इस मैच में जीत दर्ज करके तीन मैचों की शृंखला में 1-0 से बढ़त बनाई। लेकिन ऑस्ट्रेलिया में गेंद अधिक स्विंग नहीं करेगी और चाहर भी भुवनेश्वर कुमार जैसे ही गेंदबाज हैं। भुवनेश्वर को अर्शदीप के साथ विश्वकप टीम में जगह मिली हुई है। जहां तक सिराज का सवाल है वह पिछले कुछ समय से जूझ रहे हैं। भुवनेश्वर और हर्षल पटेल पिछले कुछ समय से काफी रन लुटा रहे हैं और देखना होगा की टीम प्रबंधन विश्वकप से पहले इस पहेली को कैसे सुलझाता है। भारतीय टीम के लिए अच्छी बात यह है कि स्पिन विभाग में फिलहाल ऐसी कोई दिक्कत नजर नहीं आ रही है। रवींद्र जडेजा के घुटने के ऑपरेशन कराने के बाद उनकी जगह टीम में लिए गए अक्षर पटेल ने मौके का पूरा फायदा उठाया है और अब तक शानदार प्रदर्शन किया है। बल्लेबाजी विभाग में विश्वकप से पहले विराट कोहली सहित भारत के चोटी के चार बल्लेबाज अच्छी फॉर्म में दिख रहे हैं। केएल राहुल ने भी अब रन बनाना शुरू कर दिया है और पहले मैच में अर्द्धशतक जड़ने से उनका आत्मविश्वास बढ़ा होगा। मध्यक्रम में हालांकि ऋषभ पंत और दिनेश कार्तिक जैसे खिलाड़ियों को बल्लेबाजी का पर्याप्त मौका नहीं मिला है। पंत को एशिया कप से लौटने के बाद बल्लेबाजी का मौका नहीं मिला जबकि कार्तिक ने पिछले सात मैचों में केवल नौ गेंदों का सामना किया है। जहां तक शृंखला की बात है तो भारत खेल के इस सबसे छोटे प्रारूप में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू धरती पर पहली शृंखला जीतने की कोशिश करेगा। दक्षिण अफ्रीका की टीम टी-20 विश्व कप में अभी तक अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाई है। उसने आखिरी बार 2016 में सेमीफाइनल में जगह बनाई थी जबकि पिछले साल वह नॉकआउट में प्रवेश करने में भी नाकाम रही थी। कैगिसो रबाडा और एनरिक नोर्किया के रूप में दक्षिण अफ्रीका के पास दो अच्छे गेंदबाज हैं, लेकिन उसके बाकी गेंदबाजों में पैनापन नजर नहीं आता है। फिलहाल उसके बल्लेबाजों को अच्छा प्रदर्शन करना होगा जो पिछले मैच में नहीं चल पाए थे। मैच भारतीय समयानुसार शाम सात बजे से शुरू होगा।