मैनपुरी : मैनपुरी लोकसभा उपचुनाव 2022 के लिए मतदान लगातार जारी है। सपा संस्थापक मुलायम सिंह यादव के निधन से खाली हुई इस सीट पर पहली बार ऐसा मुकाबला दिख रहा है। सपा की विरासत संभालने के लिए उतरीं डिंपल के मुकाबले में भाजपा ने रघुराज सिंह शाक्य को उतारकर जो दांव चला उसका असर मतदान के दिन तक दोनों दलों के बीच मची खींचतान के रूप में दिख रहा है। यह भी संयोग है कि एक तरफ मैनपुरी में मतदान चल रहा है तो दूसरी तरफ लखनऊ में विधानसभा के शीतकालीन सत्र की शुरुआत के मौके पर नेताजी (मुलायम सिंह यादव) को याद कर उन्हें श्रद्धांजलि दी जा रही है। पक्ष-विपक्ष दोनों ने मैनपुरी से राजधानी तक इतना जोर लगा रखा है कि इस बार मैनपुरी में किसी को भी लड़ाई आसान नज़र नहीं आ रही है। अब सवाल यह है कि डिंपल बनाम रघुराज की इस जंग में कौन किसके लिए चुनौती बन पाया? जाहिर है, जवाब जानने के लिए 8 दिसंबर 2022 को नतीजे आने तक इंतजार करना होगा लेकिन आइए फिलहाल यह समझते हैं कि मैनपुरी का मुकाबला इस बार इतना दिलचस्प क्यों और कैसे बन गया है। सोमवार को मैनपुरी लोकसभा के अलावा गुजरात विधानसभा के दूसरे चरण और पांच राज्यों की कुल छह विधानसभा सीटों पर मतदान हो रहा है, लेकिन गुजरात चुनाव के बाद सबसे ज्यादा चर्चा मैनपुरी की हो रही है। सबकी निगाहें यहां से लड़ रही मुलायम सिंह यादव की बहू और सपा मुखिया अखिलेश सिंह यादव की पत्नी डिंपल यादव के चुनाव परिणाम पर टिकी है। बीजेपी ने यहां से रघुराज सिंह शाक्य को उम्मीदवार बनाया है जो अतीत में अखिलेश के चाचा शिवपाल सिंह यादव के करीबी रहे हैं और आज भी उन्हीं को अपना गुरु बताते हैं। क्या रघुराज, डिंपल के लिए एक ऐसी सीट पर जहां 33 साल से सपा का कब्जा रहा वाकई बड़ी चुनौती हैं? इस सवाल का जवाब इसी से समझा जा सकता है कि इस साल जून में हुए आजमगढ़ और रामपुर लोकसभा चुनाव प्रचार से खुद को बिल्कुल अलग रखने वाले अखिलेश यादव न सिर्फ खुद यहां घर-घर प्रचार में जुटे रहे बल्कि पूरे यादव परिवार ने दिन-रात एक कर दिया। बहू डिंपल के नाम पर चाचा शिवपाल ने भी जी-जान से साथ दिया। इस दौरान उनकी सुरक्षा में कटौती हो गई, लखनऊ का आलीशान सरकारी बंगला छिनने की बातें होने लगीं और रिवर फ्रंट घोटाले की जांच शुरू हो गई लेकिन शिवपाल परिवार की विरासत बचाने के लिए मोर्चे पर डटे रहे।
मैनपुरी में पहली बार दिखा ऐसा मुकाबला, डिंपल बनाम रघुराज; कौन किसके लिए बन पाया चुनौती?