डिजिटल डेस्क: कोरोना वायरस फिर से अपना कहर बरपा रहा है,चीन, जापान और अमेरिका समेत कई देशों में ओमीक्रॉन के BA.2 और XBB वेरिएंट से सबसे ज्यादा लोग संक्रमित हुए। बात यह है कि इन वेरिएंट्स समेत ओमीक्रॉन के सभी वेरिएंट और सबवेरिएंट भारत की हवा में भी घुल चुके हैं,हालांकि डरने की कोई बात नहीं है, क्योंकि देश में अभी तक इन वेरिएंट्स की वजह से मामलों में न तो उछाल देखा गया है और न ही मौतों की संख्या में कोई बढ़ोतरी हुई है।सर्विलांस रिपोर्ट के मुताबिक, सर्वे के दौरान 324 पॉजिटिव नमूनों की सीक्वेंसिंग से भारत में सभी ओमिक्रॉन वेरिएंट की उपस्थिति का पता चला हैं, वही स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना हैं कि जिन क्षेत्रों में इन ओमीक्रॉन के इन वेरिएंट्स का पता चला है, वहां मृत्यु दर या कोरोना के मामलों में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है। 24 दिसंबर 2022 से देश के तमाम एयरपोर्ट्स पर पहुंचने वाले अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की कोरोना टेस्टिंग शुरू की थी,मंत्रालय का यह भी कहना हैं कि तमाम एयरपोर्ट्स पर 7786 उड़ानों से 13.6 लाख से ज्यादा अंतरराष्ट्रीय यात्री भारत पहुंचे, जिनमें से 29 हजार 113 यात्रियों का आरटी-पीसीआर टेस्ट किया गया उनमें से 83 नमूने पॉजिटिव पाए गए, जिन्हें बाद में पूरे जीनोम अनुक्रमण के लिए भेजा गया. 50 नमूनों की सीक्वेंसिंग से ओमिक्रॉन और ओमिक्रॉन सब-लाइनेज का पता चला था, जिसमें XBB (11), BQ.1.1 (12) और BF7.4.1 (1) वेरिएंट शामिल थे।भारतीय सार्स कोव-2 जिनोमिकी संगठन (इंसाकोग) ने कहा कि पिछले 24 घंटे में संबंधित स्वरूप का नया मामला उत्तराखंड में मिला, जबकि इससे पहले एक्सबीबी 1.5 स्वरूप से जुड़े तीन मामले गुजरात में और एक-एक मामला कनार्टक, तेलंगाना, छत्तीसगढ़ तथा राजस्थान में मिला था।
भारत के हवाओं में घुले ओमीक्रॉन के सभी वेरिएंट