तिनसुकिया : तिनसुकिया जिले के मार्घेरिटा थाना अंतर्गत लिडू मालुगांव में बृहस्पतिवार तड़के अल्फा (स्वाधीन) और सुरक्षाबलों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें सुरक्षाबलों ने अल्फा (स्वा.) के कट्टर सदस्य उत्तम लाहोन उर्फ उदय असम को मार गिराया। वहीं अंधेरे का फायदा उठाकर अन्य कैडर फरार हो गए। सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने सेना के सहयोग से यह अभियान चलाया था।
इस दौरान पुलिस ने एक छोटा हथियार, एक राइफल, दो ग्रेनेड, आईईडी सामग्री, कंबल, एक बैग और दवाएं जब्त की हैं। बताया जाता है कि अल्फा स्वाधीन का मृतक सदस्य उदय चराईदेव जिले के सोनारी थाना अंतर्गत पुरानी जाबोक गांव का रहने वाला था। साथ ही मुठभेड़ में ढेर हुए उदय असम को आईईडी विशेषज्ञ के रूप में भी जाना जाता था। इधर घटना की जानकारी देते हुए तिनसुकिया के जिला पुलिस अधीक्षक अभिजीत गुरव ने बताया कि पुलिस को एक गुप्त सूचना मिली थी कि अल्फा स्वाधीन के सात से नौ सदस्यों ने पिछले 8-10 दिनों से मार्घेरिटा और लेखापानी थाना क्षेत्र में शरण ले रखी है, जो तिनसुकिया जिले के एक प्रभावशाली व्यवसायी के अपहरण की योजना बना रहे थे।
वहीं वे डीजीपी जीपी सिंह और आईजीपी (एनईआर) जीतमल दलै को अल्फा (आई) के खिलाफ लगातार कार्रवाई के लिए निशाना बनाने की भी साजिश रच रहे थे। उन्होंने बताया कि कल देर रात लगभग 1.30 बजे सुरक्षाबलों और अल्फा (स्वाधीन) के सदस्यों के बीच पांच से सात मिनट तक गोलाबारी हुई, जिसमें उदय असम को गोली लगी और घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई। वहीं अंधेरे का फायदा उठाकर अन्य संदिग्ध कैडर फरार हो गए। आईजीपी एनईआर, एसपी तिनसुकिया, एसडीपीओ मार्घेरिटा, आईसी लिडू द्वारा सेना के सहयोग से यह अभियान चलाया गया था। फिलहाल पुलिस और सेना की संयुक्त टीम द्वारा पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है तथा क्षेत्र में तलाशी जारी है।