चांदीपुर (अगरतला): केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को कहा कि त्रिपुरा आगामी राज्य विधानसभा चुनाव में कांग्रेस, माकपा और टिपरा मोथा की तिहरी मुसीबत का सामना कर रहा है और भाजपा की डबल इंजन सरकार ही राज्य को इससे बचा सकती है। शाह ने यह भी कहा कि त्रिपुरा में लंबे समय तक आदिवासियों को धोखा देने वाला वाम दल अब लोगों को ‘‘धोखा’’ देने के लिए एक आदिवासी नेता को मुख्यमंत्री के चेहरे के रूप में पेश कर रहा है। उन्होंने यहां उनाकोटी जिले में एक रैली में कहा कि यदि आप इस ‘तिहरी मुसीबत’ से बचना चाहते हैं, तो ‘डबल इंजन’ वाली भाजपा सरकार को वोट दें।

जितेंद्र चौधरी माकपा के शीर्ष आदिवासी नेताओं में से एक हैं और त्रिपुरा में वाम-कांग्रेस गठबंधन के सत्ता में आने की स्थिति में उन्हें मुख्यमंत्री पद के प्रमुख दावेदार के रूप में देखा जा रहा है। माकपा और कांग्रेस 60 सदस्यीय विधानसभा के लिए 16 फरवरी को होने वाले चुनाव में मिलकर लड़ रही हैं।  शाह ने कहा कि कांग्रेस और वाम दल का एकसाथ आना इस बात का संकेत है कि उन्होंने चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से हार मान ली है।

सिपाहीजाला जिले के विश्रामगंज में एक अन्य रैली में गृह मंत्री ने कहा कि कांग्रेस, माकपा और टिपरा मोथा की ‘तिहरी मुसीबत’ को वोट देने से त्रिपुरा में ‘जंगल राज’  की वापसी का रास्ता खुलेगा। शाह ने कहाकित्रिपुरा में कांग्रेस और वामपंथी सरकारों के दौरान कई घोटाले हुए, जबकि भाजपा सरकार ने पिछले पांच वर्षों में राज्य का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित किया है। कांग्रेस और वाम दलों पर कटाक्ष करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आज दुनिया भर में वामपंथियों का कोई नामोनिशान नहीं बचा है, जबकि देश में कांग्रेस का भी कुछ ऐसा ही हश्र हुआ है।