डिजिटल डेस्क: 21 मार्च से भारतीय सेना 22 अफ्रीकी देशों के साथ नौ दिनों का सैन्य युद्धाभ्यास शुरू करेगी,और फील्ड ट्रेनिंग एक्सरसाइज भारत और अफ्रीका के बीच आयोजित संयुक्त प्रशिक्षण का दूसरा एडिशन है। AFINDEX (मल्टीनेशनल अफ्रीका इंडिया फील्ड ट्रेनिंग एक्सरसाइज) 21 मार्च 2023 को पुणे में शुरू होगा और 30 मार्च 2023 को खत्म होगा। अफ्रीकी देश के सैनिक मेक इन इंडिया स्कीम के तहत तैयार किए गए हथियारों और ड्रॉन्स की खास ट्रेनिंग लेंगे और इस ट्रेनिंग को चार चरणों में बांटा गया है।
पुणे के औंध सैन्य स्टेशन में स्थित भारतीय सेना का विदेशी प्रशिक्षण नोड (ftn) 21 मार्च से भारतीय सेना और 22 अफ्रीकी देशों की सेनाओं को शामिल करते हुए एक बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास की मेजबानी करेगा। यह अभ्यास मानवीय खदान सहायता और संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना कार्यों पर केंद्रित होगा।
क्या है इस ट्रेनिंग का मकसद?
भारत पूरी दुनिया में संयुक्त राष्ट्र शांति अभियानों में सैनिकों के सबसे बड़े योगदानकर्ताओं में से एक रहा है,और इस ख़ास ट्रेनिंग का उद्देश्य UN पीसकीपिंग ऑपरेशंस चार्टर के चैप्टर VII के तहत मानवतावादी माइन असिस्टेंस और पीस कीपिंग ऑपरेशंस की योजना और संचालन में भाग लेने वाले रक्षा बलों के कौशल को निखारना है तथा संयुक्त राष्ट्र के अनिवार्य कार्यों में संयुक्त राष्ट्र शांति सेना के लिए नए मिशनों की स्थापना, नागरिकों की सुरक्षा, स्थायी युद्ध तैनाती की बारीकियां, काफिले की सुरक्षा, गश्त के पहलू और मानवीय खदान सहायता से संबंधित पहलू शामिल हैं। इसी तरह की तमाम ट्रेनिंग भारत और अफ्रीका के कुल 22 देश मिलकर लेंगे।
कॉन्क्लेव 28 मार्च को:
इस दौरान इंडिया-अफ्रीका डिफेंस चीफ्स कॉन्क्लेव 28 मार्च को आयोजित किया जाएगा और यह कॉन्क्लेव दो सत्रों में होगा। इस कॉनक्लेव में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी शिरकत करेंगे तथा 28 मार्च को ही थलसेना अध्यक्ष जनरल मनोड पांडे ट्रेनिंग में हिस्सा ले रहे 22 देशों के सेना प्रमुखों के सम्मेलन की अध्यक्षता करेंगे।
कौन-कौन से देश होंगे शामिल?
ट्रेनिंग में हिस्सा ले रहे 22 देशों में नाइजर, जिम्बाब्वे, कांगो, मलावी, युगांडा, सेशेल्स, गाम्बिया, तंजानिया, केन्या, इथियोपिया, घाना, केन्या, लेसोथो, जैसे कई देश शामिल है।