डिजिटल डेस्क: खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह के खिलाफ पुलिस एक्शन के विरोध में उसके सपोर्टर्स अमेरिका के वॉशिंगटन और अन्य कई देशों में विरोध किया गया,उन्होंने कानून के मुताबिक खालिस्तान समर्थकों के खिलाफ कार्रावई करने और उनके पासपोर्ट रद्द करने की मांग की थी।
पुलिस को दी गई शिकायत में कहा गया है कि वे अमेरिका में भातीय दूत तरनजीत सिंह संधू और वाशंगटन एंबेसी के कर्मचारियों को धमकी दे रहे हैं तथा खालिस्तान समर्थकों ने यहां इंडियन एंबेसी में तोड़फोड़ की और एक भारतीय पत्रकार को गालियां दी और उनपर हमला किया,और वे लोगों को उकसा रहे हैं और इंडियन एंबेसी के बाहर भारत सरकार के खिलाफ एकजुट होने कह रहे हैं।
भारतीय राजदूत को धमकी:
अमृतपाल सिंह के खिलाफ पुलिस एक्शन के विरोध में खालिस्तान समर्थकों ने पिछले दिनों ब्रिटेन, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका में विरोध-प्रदर्शन किया गया, जहां उन्होंने अमृतपाल के खिलाफ कार्रवाई का विरोध किया और 25 मार्च को कुछ खालिस्तान समर्थकों ने अमेरिका में भारतीय राजदूत तरनजीत सिंह संधू के खिलाफ आपत्तिजनक बयानबाजी की और उन्हें धमकी दी। इस दौरान उन्होंने भारत और भारत सरकार के खिलाफ भी बयानबाजी की,और इतना ही नहीं अमृतपाल सिंह के खिलाफ पुलिस एक्शन के विरोध में खालिस्तान समर्थकों ने ब्रिटेन में भी इंडियन एंबेसी पर हमला किया था, और तिरंगे का अपमान किया था।
खालिस्तानियों ने इंडियन एंबेसी में की तोड़फोड़:
खालिस्तानियों ने मुस्लिम और सिख समुदाय के लोगों को भारत सरकार के खिलाफ एकजुट होने की अपील कर रहे हैं,और बड़ी संख्या में खालिस्तान समर्थकों ने वाशिंगटन डीसी में इंडियन एंबेसी के बाहर लोगों को उकसाने की कोशिश की और एंबेसी में भी तोड़फोड़ की। इनमें ज्यादातर प्रदर्शनकारी भारतीय नागरिक हैं और उनके पास भारत का पासपोर्ट है,और सुप्रीम कोर्ट के वकील ने कहा कि उन्होंने आईपीसी की धारा 153, 153ए, 504, 505, 506, 120 के तहत अपराध किया हैं।