गुवाहाटीः कांग्रेस की असम प्रदेश युवा इकाई की अध्यक्ष अंकिता दत्त को पार्टी विरोधी गतिविधियों के लिए शनिवार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया गया। उल्लेखनीय है कि अंकिता ने भारतीय युवा कांग्रेस के अध्यक्ष श्रीनिवास बीवी पर उनका मानसिक उत्पीड़न करने का आरोप लगाया था। इससे पहले उन्होंने भारतीय युवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष केशव कुमार के खिलाफ यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस कदम को लेकर कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा कि यह महिला सशक्तिकरण का उसका मॉडल है और लड़की हूं, लड़ सकती हूं का उसका नारा खोखला है। कांग्रेस की अनुशासनात्मक कार्रवाई समिति के सदस्य सचिव तारिक अनवर ने आज एक आदेश जारी करते हुए कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष ने असम प्रदेश युवा कांग्रेस की अध्यक्ष डॉ. अंकिता दत्त को उनकी पार्टी विरोधी गतिविधियों के लिए तत्काल प्रभाव से पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया है। इस पर मुख्यमंत्री हिमंत विश्वशर्मा से जब अंकिता दत्त मामले पर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि जब यह मामला उनके सामने आया तो उन्होंने कांग्रेस से कहा था कि यह उनका अंदरूनी मामला है और उन्हें इसे सुलझाना चाहिए। लेकिन जब बेटी की अस्मिता का सवाल है तो कार्रवाई करनी पड़ेगी। जब मुझे पता चला कि कांग्रेस ने उसे निष्कासित कर दिया है तो अगर वह मामले को नहीं सुलझाएंगे, पार्टी नहीं सुलझाएगी तो कानून अपना काम करेगा। वहीं कांग्रेस पर निशाना साधते हुए भाजपा की आईटी शाखा के प्रमुख अमित मालवीय ने ट्वीट किया कि यह कांग्रेस का महिला सशक्तिकरण का मॉडल है।

मालवीय ने कहा कि लड़की हूं, लड़ सकती हूं, एक खोखला नारा है। उल्लेखनीय है कि अंकिता ने शुक्रवार को ट्वीट किया था कि जब भारतीय युवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष केशव कुमार ने यौन उत्पीड़न किया और मी टू आया था। उन्हें हटने के लिए विवश होना पड़ा। अब छह महीने से बी वी श्रीनिवास द्वारा मानसिक उत्पीड़न और भेदभाव के बावजूद मुझे चुप रहने के लिए कहा गया है और मेरी शिकायत के बाद भी कोई जांच शुरू नहीं की गई। उल्लेखनीय है कि अंकिता द्वारा गुवाहाटी के दिसपुर पुलिस स्टेशन में श्रीनिवास बीवी के खिलाफ  शिकायत दर्ज कराई गई है। बीते मंगलवार को ट्विटर पर अंकिता ने ट्वीट करते हुए लिखा था कि भारतीय युवा कांग्रेस के अध्यक्ष श्रीनिवास बीवी ने मुझे लगातार परेशान किया है। अंकिता ने राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को टैग करते हुए सिलसिलेवार कई ट्वीट किए एक ट्वीट में उन्होंने लिखा था कि एक पुरुष श्रेष्ठतावादी भारतीय युवा कांग्रेस का नेतृत्व कैसे कर सकता है, जो हर समय महिला को प्रताड़ित और अपमानित करता है। अंकिता ने प्रियंका गांधी को भी ट्वीट किया लेकिन कहीं से उसके पक्ष में कोई खड़ा नहीं हुआ। अंकिता ने राहुल और प्रियंका से सवाल करते हुए पूछा कि राहुल गांधी क्या यह सुरक्षित जगह है, प्रियंका गांधी महिलाओं के बारे में बात करती हैं। उन्होंने लिखा मैं महीनों से उनके खिलाफ  कार्रवाई का इंतजार कर रही हूं फिर भी किसी ने कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई है।

श्रीनिवास राजानीति की आड़ में हर तरह के गलत कामों से बच रहे हैं। अंकिता ने कहा कि ईमानदारी से कहूं तो मुझे पता है कि यह मेरा राजनीतिक करियर खत्म कर सकता है। यदि मुझे यही कीमत चुकानी है तो यही सही। मेरे भाजपा के किसी नेता से मिलने के बारे में आप घर और कार्यालय का सीसीटीवी फुटेज देख सकते हैं जिसमें आप मुझे संभवतःट्रोल्स के बारे में पढ़ते हुए देखेंगे जो मेरे सहकर्मी फैला रहे हैं। दूसरी ओर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीवी श्रीनिवास की कभी भी गिरफ्तारी हो सकती है। अंकिता दत्त द्वारा दिसपुर थाने में दायर एक मामले के आधार पर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीनिवास और राष्ट्रीय महासचिव वर्धन यादव को गिरफ्तार करने के लिए गुवाहाटी पुलिस की 5 सदस्यीय टीम शनिवार को कर्नाटक के लिए रवाना हुई। गुवाहाटी पुलिस के एडीसीपी मैत्रेयी डेका के नेतृत्व में पुलिस टीम कांग्रेस के दोनों नेताओं की गिरफ्तारी के लिए सबसे पहले दिल्ली पहुंचेगी। अगर श्रीनिवास अपने दिल्ली के पते पर नहीं मिले तो पुलिस उनके कर्नाटक के आवास पर छापेमारी की भी तैयारी कर रही है। गौरतलब है कि असम प्रदेश युवा कांग्रेस की तत्कालीन अध्यक्ष अंकिता दत्त द्वारा दायर अश्लील टिप्पणी और यौन उत्पीड़न की एक शिकायत के आधार पर दिसपुर पुलिस ने श्रीनिवास के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 509/294/341/354/354(4)/506 और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 67 के आधार पर गैर जमानती मामला दायर किया है। शिकायतकर्ता अंकिता दत्त ने पहले ही कामरूप महानगर जिला मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के अदालत में अपना बयान दर्ज करा दी है। जिसके मद्देनजर हाईकोर्ट से जमानत नहीं मिली तो दोनों यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय नेता श्रीनिवास और वर्धन यादव को गिरफ्तारी से बचने की कोई संभावना नहीं है। हालांकि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में अपमानजनक टिप्पणी करने के आरोप में कांग्रेस नेता जिगणेश मेवानी को असम पुलिस ने गुजरात से गिरफ्तार किया था। कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा को इसी तरह के आरोप में दिल्ली हवाईअड्डे से गिरफ्तार किया गया था।