डिब्रूगढ़ : आईआईटी, खड़गपुर के पूर्व  छात्र फैजान अहमद को असम के डिब्रूगढ़ शहर में दफनाए जाने के सात महीने बाद कलकत्ता उच्च न्यायालय के निर्देश पर मंगलवार को उसके नश्वर अवशेषों को कब्रगाह से खोदकर निकाला गया। डिब्रूगढ़ स्थित अमोलपट्टी कब्रिस्तान में फैजान अहमद के कब्र की असम मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (एएमसीएच), डिब्रूगढ़ की दो सदस्यीय फोरेंसिक टीम ने फोरेंसिक विज्ञान विभाग की प्रमुख डॉ रेणुका रोंगफरपी के नेतृत्व में फॉरेंसिक साइंस निदेशालय, गुवाहाटी की चार सदस्यीय टीम के साथ मिलकर खुदाई की गई। खुदाई सुबह 10 बजे से शुरू हुई और यह प्रक्रिया में प्रायः डेढ़ घंटे तक चली। इस दौरान खड़गपुर टाउन पुलिस स्टेशन से बंगाल पुलिस की चार सदस्यीय टीम इंस्पेक्टर विश्वरंजन बनर्जी (जांच अधिकारी) के नेतृत्व में खुदाई की प्रक्रिया के दौरान मौजूद थी। 

खुदाई के दौरान मजिस्ट्रेट गौतम प्रियम महंत, डिब्रूगढ़ के अतिरिक्त एसपी (मुख्यालय) बितुल चेतिया, फैजान अहमद के परिवार के सदस्य और कब्रिस्तान समिति के पदाधिकारी मौजूद थे।  शव को एक ताबूत में पैक किया गया और असम मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के मुर्दाघर में ले जाया गया जहां इसे रात में रखा जाएगा। बुधवार को बंगाल पुलिस की टीम फैजान अहमद के पार्थिव शरीर को लेकर कोलकाता के लिए उड़ान भरेगी जहां कलकत्ता के मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में दूसरा पोस्टमार्टम किया जाएगा।  मालूम हो कि सोमवार को डिब्रूगढ़ के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने एक आदेश में सभी संबंधित विभागों और अधिकारियों को निर्देश दिया था कि वे सुबह 6 बजे तक खुदाई शुरू कर दें और पूरी प्रक्रिया 9 बजे तक पूरी कर लें ताकि बंगाल पुलिस की टीम उसी दिन शव को बिना किसी विमान से ले जा सके।  एक अधिकारी ने बताया कि हालांकि उड़ान के समय सहित कुछ साजो-सामान संबंधी मुद्दों के कारण इस आदेश का अक्षरशः पालन नहीं किया जा सका।

दिलचस्प बात है कि मंगलवार को जब फैजान अहमद के कब्र की खुदाई प्रक्रिया चल रही थी, आईआईटी खड़गपुर के कुछ अधिकारी, उनके रजिस्ट्रार डॉ. तमल नाथ सहित कब्र खोदने की प्रक्रिया को देखने के लिए कब्रगाह पहुंचे।  हालांकि फैजान अहमद के परिवार के सदस्यों द्वारा उनकी उपस्थिति पर आपत्ति जताने के बाद उन्हें साइट छोड़ने को कहा गया।  परिजनों ने आरोप लगाया कि आईआईटी खड़गपुर के अधिकारी जांच प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। मजिस्ट्रेट गौतम प्रियम महंत ने बताया कि फैजान अहमद के शव को असम मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के मुर्दाघर में रखा जाएगा। कल बंगाल पुलिस दूसरे पोस्टमार्टम के लिए शव को विमान से कोलकाता ले जा जाएगा।