गुवाहाटी : गुवाहाटी कॉमर्स कॉलेज(जीसीसी) ने आज मंगलवार को असम गौरव विशिष्ट व्यवसायी भोलानाथ बरुवा की 100वीं पुण्यतिथि मनाई। साथ ही इस अवसर पर वाणिज्य दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गुवाहाटी कॉमर्स कॉलेज के प्राचार्य डॉ.होमेश्वर कलिता की अध्यक्षता में आयोजित समारोह में गुवाहाटी विश्वविद्यालय के पूर्व प्रमुख और वाणिज्य गुरु डॉ देवदास भराली, साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता, लघु कथाकार और आमार असम के प्रधान संपादक तथा एनकेटीवी के प्रबंध संपादक मनोज गोस्वामी ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत  भोलानाथ बरुवा के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुई।

प्राचार्य डॉ. होमेश्वर कलिता ने स्वागत भाषण दिया और बताया कि भोलानाथ बरुवा वास्तव में असम के गौरव हैं क्योंकि उन्होंने बड़ी मेहनत से अपने व्यापार में बढ़ोत्तरी करके देश को भी लाभांवित किया। इस मौके पर आमार असम के प्रधान संपादक  मनोज गोस्वामी ने कहा कि उनके दिवंगत पिता प्रधानाचार्य कमल चंद्र गोस्वामी असम में व्यावसायिक शिक्षा के प्रणेता थे। उन्होंने कहा कि असम के लोगों के लिए व्यावसायिक क्षेत्र आज भी एक अपरिचित दुनिया है। कई उच्च शिक्षित युवा अभी भी सरकारी नौकरियों के प्रति आकर्षित हैं।

असम के दिग्गज पुरुष भोलानाथ बरुवा ने असम के बाहर व्यापार में खुद को स्थापित किया। वे प्रिंस ऑफ वेल्स तकनीकी संस्थान के संस्थापक भी थे। ईमानदारी से व्यापार करके भोलानाथ बरुवा ने देश में खुद को स्थापित करने के साथ विदेशों में अपने कारोबार का विस्तार कर इतिहास रच दिया। उन्होंने स्टार्ट-अप व्यवसाय का विचार शुरु किया था और उन्होंने एक ही समय में विभिन्न व्यवसायों की शुरुआत की थी। प्रमुख पत्रकार और लेखक गोस्वामी ने  आह्वान किया कि भोलानाथ बरुवा के नाम पर एक तकनीकी विकास संस्थान या विश्वविद्यालय की स्थापना की जाए।  साथ ही प्रिंस ऑफ वेल्स तकनीकी संस्थान का नाम भोलानाथ बरुवा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्निकल एजुकेशन रखा जाना चाहिए। मनोज गोस्वामी की यह मांग काफी महती है और सरकार को इस पर विचार करना चाहिए।