गुवाहाटी : शिलांग स्थित मेघालय उच्च न्यायालय में सोमवार को न्यायमूर्ति संजीव बनर्जी, मुख्य न्यायाधीश, न्यायमूर्ति एचएस थांगख्यू, न्यायाधीश, और न्यायमूर्ति डब्ल्यू डेंगदोह, न्यायाधीश ने पीआईएल संख्या 9/2022 के तहत शैलेंद्र कुमार शर्मा बनाम मेघालय राज्य और अन्य मामले पर महत्वपूर्ण आदेश दिया। आदेश में उल्लेख किया गया है कि मेघालय हाईकोर्ट में पुलिस महानिदेशक ने एक हलफनामा दायर किया है जिसमें यह उल्लेख किया गया है कि अवैध कोक संयंत्रों के वास्तविक मालिक/संचालक ज्यादातर असम में रह रहे हैं और मेघालय में अवैध कारोबार चला रहे हैं और उनके कई बेनामी लेनदेन भी सामने आए हैं। याचिकाकर्ता का कहना है कि कोक संयंत्रों के सरगना गुवाहाटी में खुलेआम घूम रहे हैं और सभी को उनके ठिकाने और उनके संचालन के बारे में पता है।

उन्हें आशा है कि राज्य पुलिस कानून के अनुसार और यथासंभव शीघ्रता से आवश्यक कदम उठाएगी। अगले तीन सप्ताह में मामले के संदर्भ में डीजीपी द्वारा एक और रिपोर्ट दायर की जा सकती है। इसी बीच जस्टिस कटकी की ओर से  सौंपी गई 14वीं अंतरिम रिपोर्ट में कहा गया है कि पूर्वी जयंतिया हिल्स में 13 कोक ओवन संयंत्र काम कर रहे हैं और 38 संयंत्र निष्कि्रय हैं। पश्चिम जयंतिया हिल्स में 2 और दक्षिण पश्चिम खासी हिल्स में 6 कोक ओवन संयंत्र हैं जो हाल में चालू नहीं हैं। पश्चिम खासी हिल्स जिले में 4 कोक ओवन संयंत्र काम कर रहे हैं और 61 संयंत्र निष्कि्रय हैं। इसके अलावा पश्चिम खासी हिल्स जिले में एक फेरो मिश्र धातु संयंत्र का संचालन जारी है। री-भोई जिले में कोई कोक ओवन संयंत्र नहीं हैं, हालांकि 7 फेरो मिश्र धातु संयंत्रों में से 5 चालू हैं।

हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता को डीजीपी द्वारा 8 जून, 2023 को दायर हलफनामे की सामग्री और न्यायमूर्ति कटकी द्वारा दायर 14वीं अंतरिम रिपोर्ट दोनों की सामग्री से निपटने के लिए एक हलफनामा दायर करने की अनुमति दी। याचिकाकर्ता उन व्यक्तियों से संबंधित कोई भी अतिरिक्त जानकारी प्रस्तुत कर सकता है जो मेघालय में अवैध रूप से संचालित कोक ओवन और फेरो मिश्र धातु संयंत्रों के वास्तविक मालिक हैं। हाईकोर्ट के इस आदेश से उन संयंत्रों पर रोक नहीं लगेगी जो उचित अनुमति के साथ काम कर रहे हैं और वे संचत्र चालू रखे जा सकते हैं। हालांकि हाईकोर्ट ने यह निर्देश दिया कि राज्य को ऐसे संयंत्रों द्वारा प्राप्त कोयले के स्रोत पर कड़ी निगरानी रखनी चाहिए।