नई दिल्ली : देश में कोरोना की तीसरी लहर में नए संक्रमितों का आंकड़ा पहली बार 1.6 लाख के पार पहुंचा है। वहीं, एक्टिव केस की संख्या 5 लाख 84 हजार है। इस बीच हेल्थ एक्सपर्ट्स का मानना है कि देश में कोविड मामले बहुत जल्द पीक पर पहुंच सकते हैं। हालांकि, एक्सपर्ट्स ने मौजूदा लहर के उतनी ही तेजी से घटने की संभावना भी जताई है। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर)के एडिशनल डॉयरेक्टर डॉ. समीरन पांडा ने शनिवार को इस बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हाल ही में बढ़ोतरी दर्ज करने वाले इलाकों में कोरोना के एक्टिव मामले 3 महीने के भीतर कम होने शुरू हो जाएंगे। डॉ. पांडा ने बताया कि ओमिक्रोन के 50 प्रतिशत से ज्यादा मामले बड़े शहरों में ही मिल रहे हैं। कोरोना की नेशनल टेक्निकल एडवाइजरी ग्रुप (एनटीएजीआई) के चेयरमैन डॉ. एन. के. अरोड़ा ने भी पीक को लेकर ऐसी ही जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि ओमिक्रोन के ग्लोबल डेटा और पिछले 5 हफ्तों के दौरान हमारे अपने अनुभव से पता चला है कि ओमिक्रोन के ज्यादातर संक्रमण हल्के और बिना लक्षण वाले हैं। वहीं, अस्पताल में भर्ती वाले पेशेंट्स गंभीर बीमारी या 60 साल से ज्यादा उम्र के हैं। ओमिक्रोन की वजह से होने वाली हॉस्पिटलाइजेशन रेट केवल 1-2 प्रतिशत है। यह आंकड़ा डेल्टा की लहर के दौरान हॉस्पिटलाइजेशन रेट से बहुत कम है। डॉ. अरोड़ा ने बताया कि देश में 80प्रतिशत से ज्यादा आबादी वायरस से स्वभाविक तौर पर संक्रमित हुई है। 91प्रतिशत से ज्यादा वयस्क वैक्सीन का एक डोज लगवा चुके हैं और 18 साल से अधिक उम्र के करीब 66प्रतिशत लोगों ने दोनों डोज लगवाए हैं। ऐसे में तीसरी लहर का असर ज्यादा दिन तक नहीं रहेगा। डॉ. अरोड़ा ने कहा कि पिछले 24 घंटों में देश में 1.59 लाख से अधिक नए केस और और करीब 5 लाख नए केस आने से ही तीसरी लहर का संकेत मिला है। लेकिन ओमिक्रोन के केस बढ़ने के साथ ही कोरोना मामलों में गिरावट देखने को मिलेगी।
तीन महीने चलेगी कोरोना की तीसरी लहर एक्सपर्ट्स का दावा- 3 हफ्ते में आएगा पीक