बोकाजान: कार्बी आंगलांग जिले में रविवार को ऑल आदिवासी नेशनल लिबरेशन आर्मी (एएएनएलए) के 13 उग्रवादियों ने सुरक्षा बलों के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। एक पुलिस अधिकारी ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उग्रवादियों ने स्वचालित राइफल सहित हथियार और गोला-बारूद सौंप दिए। उन्होंने बताया कि बोकाजन थाने में समर्पण कार्यक्रम में असम पुलिस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और असम राइफल के   शीर्ष अधिकारी मौजूद थे।अधिकारी ने कहा कि आतंकवादियों ने एके सीरीज की चार राइफल, चार पिस्तौल, एक रिवॉल्वर और कई कारतूस और गोला-बारूद सौंपे।  मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्वशर्मा ने कहा कि उग्रवादियों के आत्मसमर्पण के साथ राज्य सरकार अपना शांति अभियान जारी रखे हुए है। एएएनएलए वर्तमान में सरकार के साथ शांति वार्ता कर रही है।  बोकाजान पुलिस थाने में हुए इस आत्मसमर्पण कार्यक्रम में असम पुलिस के उपमहानिदेशक सत्यराज हजारिका, कार्बी  आंग्लांग जिले के पुलिस अधीक्षक पुष्पराज सिंह ,असम राइफल्स के ब्रिगेडियर शशींद्र तिवारी, बोकाजान पुलिस थाने के भारप्राप्त पुलिस अधिकारी मोबलिक ब्रह्म मौजूद थे। इस कार्यक्रम में आत्मसमर्पणकारी सदस्योंं ने  चार एके 47, 36 सजीव गोलियंा,5 पिस्तौल पुलिस के समक्ष जमा कराए।  गौरतलब है कि 2012 को ही ऑनला द्वारा आत्मसमर्पण किया गया, लेकिन उस वक्त कई सदस्यों ने संगठन की ओर से आत्मसमर्पण की बात का विरोध किया था। बाद में इन्ही सदस्यों की ओर से भूमिगत रहकर अपनी गतिविधियां जारी रखी गई थीं, लेकिन अंत मे सरकार की ओर से किए जा रहे शांति प्रयासों पर अपनी मोहर लगाते हुए इन कैडरों ने भी आत्मसमर्पण कर दिया। एक- एक कर विद्रोही संगठनों की ओर से आत्मसमर्पण किए जाने से राज्य में शांति के वातावरण को बनाने में मदद मिलने की बात पुलिस उप महानिर्देशक ने बताई।