जयपुर : राजस्थान में विभिन्न विश्वविद्यालयों और उनसे संबद्ध कॉलेज में हुए छात्र संघ चुनावों के तेजी से परिणाम आने शुरू हो गए हैं। राजस्थान यूनिवर्सिटी में काफी उतार-चढ़ाव के बाद निर्दलीय प्रत्याशी निर्मल चौधरी करीब 1300 वोटों से चुनाव जीत गए है। निर्मल चौधरी को टक्कर दे रही मंत्री की बेटी निहारिका जोरवाल पिछड़ गई है। आरयू में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए है। निहारिका जोरवाल को एनएसयूआई ने टिकट नहीं दिया तो उन्होनें बागी होकर चुनाव लड़ा है। एनएसयूआई और एबीवीपी तीसरे और चौथे नंबर पर रहे हैं। उल्लेखनीय है कि छात्र संघ चुनावों के लिए मतदान शुक्रवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हुआ था। कोविड-19 महामारी के कारण राज्य में छात्र संघ चुनाव दो साल के अंतराल के बाद हुए हैं। निर्मल चौधरी को 4043 मत मिले हैं। जयपुर स्थित राजस्थान विश्वविद्यालय के छात्र संघ चुनाव में मुख्य मुकाबला भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के बीच है। राजस्थान विश्वविद्यालय में अध्यक्ष पद के लिए एनएसयूआई से रितु बराला, एबीवीपी से नरेंद्र यादव, निर्दलीय निहारिका जोरवाल, निर्मल चौधरी, प्रतापभानु मीणा और हितेश्वर बैरवा चुनाव मैदान में है। निहारिका राज्य सरकार में मंत्री मुरारी लाल मीणा की बेटी हैं। वह एनएसयूआई का टिकट न मिलने पर निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव मैदान में उतरी हैं। भरतपुर में महाराज सूरजमल ब्रज यूनिवर्सिटी में एबीवीपी के हितेश फौजदार को विजयी घोषित किया गया है। वहीं अलवर की मत्स्य यूनिवर्सिटी में सबसे पहले रिजल्ट घोषित हुआ है। यहां निर्दलीय प्रत्याशी सुभाष चंद्र गुर्जर को विजेता घोषित किया गया है। बांसवाड़ा के गोविंद गुरु ट्राइबल यूनिवर्सिटी के केंद्रीय छात्रसंघ चुनाव में एबीवीजी के प्रत्याशी सुनील सुरावत ने एसटी/एससी व एनएसयूआई गठबंधन के उम्मीदवार भगवतीलाल कटारा को हराकर मैदान जीता है।
राजस्थान विवि छात्रसंघ चुनाव में निर्मल चौधरी ने हासिल की जीत, मंत्री की बेटी हारी