जोरहाट : जोरहाट के एटी रोड स्थित चौक बाजार में बृहस्पतिवार देर शाम लगी आग की भयावह घटना में 350 से अधिक दुकानें जलकर खाक हो गई। लगभग पांच घंटे के भीतर आग ने पूरे बाजार को तबाह कर दिया। मालूम हो कि कल रात नौ बजे लगी आग पर देर रात लगभग दो बजे काबू पाया गया। इस घटना के चलते हजारों परिवारों पर रोजी-रोटी का संकट आन पड़ा है। इनमें दुकानदार व कर्मचारियों के साथ ही दुकान को किराए पर लगाकर अपना घर चलाने वाले लोग शामिल हैं। आग की लपटों को रोकने का अग्निशमन विभाग के दस्ते के पास कोई उपाय कल रात नजर नही आ रहा था। जोरहाट के साथ ही शिवसागर तथा गोलाघाट जिले के फायर स्टेशनों से दमकल की गाड़ियां यहां आग बुझाने पहुंची थीं, वहीं ओएनजीसी तथा एनआरएल के साथ एयरफोर्स की फायर ब्रिगेड गाड़ियां भी इस आग के उठते गुब्बार को शांत करने में लगी थीं। आग की शुरूआत बाजार के कपड़ा मार्केट में स्थित एक दुकान से हुई।
सूत्रों के अनुसार शॉर्ट सर्किट को आग की वजह बताया जा रहा है। इसके चलते उठी चिंगारियों ने आग को भड़का दिया। आग बुझाने के लिए तत्काल फायर एक्सटिंगविशर का इस्तेमाल भी किया गया, लेकिन इसे बढ़ने से रोका नहीं जा सका। अग्निकांड के घंटे भर बाद चौक बाजार के मुख्य द्वार से जाने वाले रास्ते आग का दरिया नजर आ रहे थे। चौक बाजार के साथ ही इससे सटे असमिया बाजार तक भी आग की लपटें पहुंचने वाली थी। लेकिन जोधराज मदनमोहन की इमारत ने इसमें अपना सीना अड़ाते हुए आग को आगे बढ़ने नहीं दिया, अन्यथा निर्मल चाराली तक अग्निकांड की एक नई श्रृंखला शुरू हो सकती थी। फायर बिग्रेड की गाड़ियों को एटी रोड पर बने डिवाइडर के चलते बचाव कार्य मे काफी परेशानी हुई।
इधर लगातार बढ़ रही आग की लपटों को देख बाजार के व्यापारी सहम गए और अपने-अपने प्रतिष्ठानों से सामान निकालने का प्रयास करने लगे। लेकिन आग के इस मंजर के सामने व्यापारियों का प्रयास नाकाफी साबित हुआ। आगजनी की घटना इतनी भयावह थी कि दमकल विभाग की साठ से अधिक गाड़ियां मौके पर पहुंचकर आगे पर काबू पाने में जुटी रहीं। घटना की भयावहता को समझ देर रात राज्य के आपदा प्रबंधन मंत्री जोगेन मोहन हालात का जायजा लेने यहां पहुंचे। वहीं फायर ब्रिगेड के एसडीजी मुकेश अग्रवाल के निर्देश पर विभाग के अधिकारी घनश्याम चौधरी भी घटनास्थल के लिए रवाना हो गए।
विधायक हितेंद्रनाथ गोस्वामी व राज्यसभा सांसद कामाख्या प्रसाद तासा ने भी देर रात मौके पर पहुंचकर हालात की समीक्षा की। वहीं आज मरियानी के विधायक रूपज्योति कुर्मी व जोरहाट की अभिभावक मंत्री अजंता नेउग ने पीड़ितों से मुलाकात कर उनकी सुध ली। डीसी के निर्देश पर मजिस्ट्रेट देवाहुति डेका ने पीड़ित दुकानदारों का ब्यौरा तैयार कर राहत का काम तेज किया। लगभग 50 करोड़ रुपए से अधिक की संपत्ति के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।