गुवाहाटी : डॉ. हिमंत विश्वशर्मा सरकार इस साल सरकार की दूसरी वर्षगांठ धूमधाम से मनाने की तैयारी कर रही है। गौरतलब है कि 2021 की 10 मई को डॉ. हिमंत विश्व शर्मा सरकार ने शपथ ली थी। हालांकि सरकार की दूसरी वर्षगांठ 10 मई की बजाय 11 मई को मनाई जाएगी। दूसरी वर्षगांठ समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मुख्य अतिथि होंगे। 10 मई को सरकार की दूसरी वर्षगांठ के वास्तविक दिन में अमित शाह को शामिल होने का समय नहीं मिल सका। इसलिए वर्षगांठ को 11 मई तक के लिए टाल दिया गया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में सरकार की दूसरी वर्षगांठ समारोह 11 मई को खानापाड़ा मैदान में होगा। इस बीच मुख्यमंत्री डॉ हिमंत विश्व शर्मा ने घोषित किया है कि सरकार की दूसरी वर्षगांठ समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री 51,000 सरकारी नौकरियों के लिए नियुक्ति पत्र वितरित करेंगे। भर्ती होने वालों में 6,000 पुलिस और वन विभाग के कर्मचारी शामिल हैं।
सीएम डॉ. शर्मा ने बुधवार को दिसपुर स्थित जनता भवन में राज्य प्रशासन के आला अधिकारियों के साथ सरकार की दूसरी वर्षगांठ पर चर्चा के लिए अहम बैठक की। बैठक में राज्य के मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, प्रत्येक विभाग के प्रधान सचिव, गुवाहाटी के पुलिस आयुक्त और कामरूप महानगर जिले के उपायुक्त ने भी भाग लिया। बैठक में सरकार के दो साल के कार्यकाल के पूरा होने पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की रूपरेखा को भी अंतिम रूप दिया गया। दूसरी वर्षगांठ से पहले मुख्यमंत्री ने प्रत्येक मंत्री से पिछले दो वर्षों में विभिन्न विभागों द्वारा अपनाई गई, लागू की गई और पूर्ण की गई विकास योजनाओं का लेखा-जोखा मांगा है। कई मंत्रियों ने पहले ही मुख्यमंत्री को रिपोर्ट सौंप दी है और अन्य सभी प्रस्तुत करने के लिए कतार में हैं। व्यवहारिक रूप में मंत्री द्वारा सौंपे गए रिकॉर्ड को उनके रिपोर्ट कार्ड माना जाएगा। इस रिपोर्ट कार्ड को भविष्य में कैबिनेट विस्तार और मंत्रिस्तरीय फेरबदल के दौरान एक मील का पत्थर माना जाएगा।
गौरतलब है कि कई विभागों पर विकास योजनाओं को समय पर लागू नहीं करने के गंभीर आरोप पहले से ही लगे हैं। कई मंत्रियों पर अपने विभागों को चलाने में विफल रहने का आरोप लगाया गया है। इसलिए, प्रत्येक विभाग को वर्षगांठ से पहले अपनी सफलताओं और असफलताओं को प्रस्तुत करना जरूरी है। दूसरी वर्षगांठ की तैयारी जोरों पर है लेकिन जिन मंत्रियों पर नाकामी के आरोप लगे हैं, वे अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर चिंतित हैं।