गोरखपुर : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यहां अपने प्रवास के तीसरे दिन सोमवार को भी जनता दर्शन में करीब 300 लोगों की समस्याएं सुनीं और उन्हें समाधान का आश्वासन दिया। सोमवार को जारी एक आधिकारिक बयान के अनुसार जनता प्रथम के भाव से मुख्यमंत्री ने गोरखपुर प्रवास के दौरान लगातार तीसरे दिन जनता दर्शन में लोगों की समस्याएं सुनीं और उन्हें समाधान का आश्वासन दिया। मुख्यमंत्री का यह प्रवास धार्मिक कार्यक्रमों से जुड़ा था लेकिन उन्होंने प्रतिदिन पहले जनता को प्राथमिकता दी और फिर अनुष्ठान में शामिल हुए। 

गोरखनाथ मंदिर में नवीन देव विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा के अनुष्ठान में सम्मिलित होने के लिए मुख्यमंत्री शुक्रवार दोपहर बाद गोरखपुर पहुंचे थे। इस बीच गोरखनाथ मंदिर प्रवास के दौरान तीन दिन (शनिवार, रविवार एवं सोमवार) लगातार उन्होंने अनुष्ठान से जुडऩे से पूर्व जनता दर्शन का आयोजन किया। सोमवार को जनता दर्शन में उन्होंने करीब तीन सौ लोगों से मुलाकात की और उनकी समस्याएं सुनकर अधिकारियों को शीघ्रता से निस्तारण का निर्देश दिया। सोमवार को मुख्यमंत्री से मुलाकात करने वालों में इलाज के लिए आर्थिक सहायता की गुहार करने वाले अधिक रहे।

मुख्यमंत्री ने उनसे कहा कि किसी को चिंता करने की जरूरत नहीं है, उपचार के लिए धन की व्यवस्था वह कराएंगे। योगी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इलाज में आर्थिक मदद संबंधी आवेदनों पर अस्पताल की प्रक्रिया को जल्द पूरा कराकर शासन को भेजें।  बयान के अनुसार बिहार से एक महिला मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के पास इलाज के लिए आर्थिक सहायता की गुहार लेकर पहुंची थी। उन्होंने इत्मीनान से महिला की समस्या सुनीं। उन्होंने उससे पूछा, क्या बिहार में उनका आयुष्मान कार्ड नहीं बना है।

महिला द्वारा ‘नहीं’ में जवाब देने पर उन्होंने उसका आवेदन अधिकारियों को हस्तगत करते हुए नियमानुसार कार्यवाही करने को कहा। एक अन्य बयान के अनुसार इसके पहले नाथ पंथ के संतों-महंतों की सर्वोच्च संस्था अखिल भारतवर्षीय अवधूत भेष बारह पंथ योगी महासभा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक रविवार को गोरखनाथ मंदिर में महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष, गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई। बैठक में देशभर के प्रमुख नाथपंथी योगियों की उपस्थिति में महासभा की भावी योजनाओं समेत विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।