डिजीटल डेस्क:  तत्काल सुनवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला लिया है जिसकी शुरुआत अगले हफ्ते से हो जाएगी तथा  सुप्रीम कोर्ट ने अब नए मामलों को तत्काल लिस्टिंग की प्रक्रिया तय कर दी है। देश की सबसे बड़ी अदालत ने नए मामलों को तत्काल सूचीबद्ध (Urgent Listing) करने और उन पर सुनवाई के लिए खासतौर से मेंशनिंग की प्रक्रिया से संबंधित नई अधिसूचना जारी कर दी है।

सुप्रीम कोर्ट ग्रीष्मावकाश के बाद अगले हफ्ते सोमवार (3 जुलाई) से खुल रही है। नई व्यवस्था को चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ सोमवार को अमल में लाएंगे। न्यायिक प्रशासन (Judicial Administration) के रजिस्ट्रार की ओर से 28 जून को जारी सर्कुलर में सुप्रीम कोर्ट ने कहा, “शनिवार, सोमवार और मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट रजिस्ट्री की ओर से वैरिफाइड किए गए इस तरह के मामले अपने आप ही आगामी सोमवार को बेंच के सामने सुनवाई के लिस्टेड हो जाएंगे।”

तत्काल सुनवाई के लिए करना होगा आवेदन:

इस नए आदेश से अब वकीलों के सामने मुख्य न्यायाधीश के समक्ष केस का जिक्र करने की जरुरत खत्म हो जाएगी। इसी तरह जो नए मामले बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार को रजिस्ट्री की ओर से वैरिफाई किए जाएंगे, वो अपने आप ही अगले शुक्रवार को सुनवाई के लिए लिस्टेड हो जाएंगे।

सर्कुलर में यह भी कहा गया है कि जो वकील वैरिफाइड नए मामलों को पहले से तय तारीखों से पहले सुनवाई के लिए लिस्टेड करवाना चाहते हैं, उन्हें अगले दिन तत्काल सुनवाई के लिए 3 बजे तक अपना आवेदन जमा कराना होगा।

अगले हफ्ते से SC में लागू होगा नया रोस्टर:

इसमें यह भी कहा गया है कि जो वकील केस को उसी दिन में ही लिस्टेड करवाना चाहते हैं, उन्हें अपना आवेदन फॉर्म मेशनिंग ऑफिसर के सामने सुबह 10.30 बजे तक जमा कराना होगा, साथ ही तत्काल सुनवाई की अनिवार्यता से जुड़ा पत्र (letter of urgency) भी जमा करवाना होगा। सर्कुलर के अनुसार, मुख्य न्यायाधीश दोपहर के लंच के दौरान इस तरह के आवेदन पर फैसला करेंगे।

इस बीच सुप्रीम कोर्ट में 3 जुलाई से नया रोस्टर लागू होने जा रहा है। कोर्ट 15 बेंचों के सामने नए मामलों के आवंटन के लिए एक नया रोस्टर ला रहा है। पहले 3 कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ के अलावा दो वरिष्ठ जस्टिस की अगुवाई वाली बेंच जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करेंगी।